परमेश्वर आग है उससे कोई भी बच नहीं सकता cover art

परमेश्वर आग है उससे कोई भी बच नहीं सकता

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Sudama Bhoi

作成日:5月 23, 2026

歌詞

परमेश्वर की सच्ची वेदी पर, चढ़ाऊँ अपना जीवन दान,
तेरे चरणों में सब अर्पित है, तू ही मेरी पहचान।
तेरी महिमा, तेरी स्तुति हो, हर पल मेरे प्राण,
परमेश्वर की सच्ची वेदी पर, चढ़ाऊँ अपना जीवन दान।

जब मैं भटका अंधियारे में, तूने राह दिखाई,
टूटे हुए इस हृदय को तूने, अपनी कृपा से सजाई।
तेरे प्रेम की ज्योति जलाकर, मिटा दिया हर शोक-विषाद,
अब तेरे लिए जीना चाहूँ, यही है मेरा सम्मान।
(
परमेश्वर की सच्ची वेदी पर, चढ़ाऊँ अपना जीवन दान...

मेरे सपने, मेरी आशाएँ, सब तेरे हाथों में हैं,
मेरी शक्ति, मेरी साँसें, सब तेरी बातों में हैं।
जैसे धूप सुगंधित होकर, वेदी पर चढ़ जाती है,
वैसे ही मेरा जीवन प्रभु, तेरी सेवा में समर्पित है।
(
परमेश्वर की सच्ची वेदी पर, चढ़ाऊँ अपना जीवन दान...

न धन चाहूँ, न मान चाहूँ, बस तेरा साथ मिले,
हर परिस्थिति, हर आँधी में, तेरा विश्वास मिले।
जब तक इस तन में साँस रहे, गाऊँ तेरा गुणगान,
तेरी इच्छा पूरी हो प्रभु, यही मेरी अरदास।

पवित्र अग्नि से शुद्ध कर दे, हर कमजोरी मेरी,
तेरे वचन का दीप जले अब, जीवन की राहों में मेरी।
दुनिया चाहे जो भी कहे, मैं तेरा नाम उठाऊँगा,
तेरे राज्य की खातिर प्रभु, अपना सब कुछ लुटाऊँगा।

परमेश्वर की सच्ची वेदी पर, चढ़ाऊँ अपना जीवन दान,
तेरे प्रेम में खोकर प्रभु, पाऊँ नई पहचान।
तेरी महिमा युगों-युगों तक, गाए सारा जहान,
परमेश्वर की सच्ची वेदी पर, चढ़ाऊँ अपना जीवन दान॥आमीन